संस्कृत में जैन-सम्प्रदाय के चौबीस (२४) तीर्थंकरों के नाम 


24 tirthankaro sanskrit name

छ (6) दर्शनों में से जैन दर्शन सर्वश्रेष्ठ दर्शन है और उनके २४ तीर्थंकर (आचार्य) ही इस दर्शन के प्रमुख आचार्य और अपने संप्रदाय के दिग्गज विद्वान थे। ऋषभ देव (आदिनाथ) सबसे पहले तीर्थंकर थे। 


संस्कृत में 24 जैन तीर्थंकर (आचार्य) नाम -


1. आचार्य: ऋषभदेव:  13. आचार्य: विमलनाथ:


2. आचार्य अजितनाथ: 14. आचार्य अनन्तनाथ:


3. आचार्य: सम्भवनाथ: 15. आचार्य: धर्मनाथ:


4. आचार्य अभिनन्दननाथ:      16. आचार्य: शान्तिनाथ:


5. आचार्य: सुमतिनाथ: 17. आचार्य: कुन्थनाथ:


6. आचार्य: पद्मप्रभु:         18. आचार्य अरहनाथ:


7. आचार्य: सुपार्श्वनाथ: 19. आचार्य: मल्लिनाथ:


8. आचार्य: चन्द्रप्रभ:         20. आचार्य :मुनिसुव्रतः


9. आचार्य: पुष्पदन्त:         21. आचार्य: नमिनाथ:


10. आचार्य: शीतलनाथ: 22. आचार्य: नेमिनाथ:


11. आचार्य: श्रेयांसनाथ: 23. आचार्य: पार्श्वनाथ:


12. आचार्य: वासुपूज्य: 24. आचार्य: वर्धमान-महावीर:


 इन्हें भी अवश्य पढ़ें -